SDM full form in Hindi: SDM कैसे बने?, SDM सैलरी,SDM परीक्षा

SDM Full form in Hindi

SDM full form in hindi यानी की SDM का हिन्दी मे पूर्ण नाम उपखंड दंडाधिकारी/मजिस्ट्रेट है।

SDM full form in English

SDM का अंग्रेजी मे फूल फॉर्म Sub-Divisional Magistrate होता है।

SDO full form in Hindi

SDO का हिन्दी मे पूर्ण रूप उपखंड अधिकारी होता है।

SDO full form in English

SDO full form Sub Divisional Officer होता है।

SDM, SDO, dy collector, Assistant Collector, Sub-Collector मे तफ़ावत क्या है?

कई सारे लोगों को कन्फ़्युशन होता है की SDM,SDO,dycollector, assistant collector, sub collector यह सभी मे तफ़ावत क्या होता है? तो आपको बता दु की यह एक ही rank या पोस्ट के अधिकारी होते है बस इन्हे भारत के राज्यों मे अलग-अलग नाम से पहचाना जाता है।

जैसे की राजस्थान और गुजरात मे dy collector नाम से यह रैंक/पोस्ट को पहचानते है जबकि UP, Bihar मे SDM से पहचाना जाता है।

इस पोस्ट मे हम SDM कैसे बने? SDM बनने की भरती प्रक्रिया, SDM बनने के लिए योग्यता, SDM का कार्य क्या होता है?, SDM के लिए जरूरी आयु सीमा और एक SDM को कितनी सैलरी मिलती है? यह सब विषय पे चर्चा करेंगे तो शुरू से अंत तक पोस्ट पढे।

SDM कैसे बने?

भारत के ज्यादातर राज्यों मे SDM/DyCollector/SDO/ Assistant Collector/Sub Collector राज्य सरकार की PSC( Public Service Commission) की परीक्षा पास करके इन्हे नियुक्त किए जाते है।

उदाहरण – यदि आप उत्तर प्रदेश से हो तो UPPSC SDM की भरती निकालता है। यह PCS परीक्षा मे यदि आप टॉप रैंक से उत्तीर्ण होते हो तो आपको SDM के पद के लिए चुना जाएगा। ऐसा भारत के सभी राज्यों मे उनके खुदके कमिशन होते है और वह SDM की vacancy निकालते है।

SDM Exam Pattern ( परीक्षा पैटर्न)

ज्यादा तर राज्यों मे SDM बनने के लिए 3 स्टेज मे से गुजरना पड़ता है।

  1. प्राथमिक परीक्षा(prelim exam)
  2. मुख्य परीक्षा (Mains exam)
  3. साक्षात्कार (Interview)

SDM Qualifications (योग्यता)

qualification

SDM बनने के लिए आपको न्यूनतम स्नातक(graduation) होना जरूरी ऐ। भले ही आप BA से MBBS से स्नातक हो। इसके लिए न्यूनतम percentages की जरूरत नहीं है। स्नातक के अंतिम साल मे हो तो आप फॉर्म भर सकते है।

SDM बनने के लिए आयु मर्यादा

Categoryसाल
general21 to 40
OBC, SC and ST21 to 45
PWD21 to 55

इसके अलावा राज्य सरकार के अधीनस्थ अधिकारी भी पदोन्नत होकर SDM, dy collector, SDO बनते है।
भारत के कई राज्यों के अंदर ऐसा रोड मेप बना रखा है जो भी सबोर्डिनेट ऑफिसर्स होते है स्टेट के या फिर कोई अन्य अफसर हैं रजिस्ट्रार आदि हो गए यह आखिरी 8 तो 10 साल बाद भी SDM के पद पर पदोन्नत होते है।

हमने SDM full form in Hindi से SDM बनने के लिए आयु जाना अब UPSC पास करके आने वाले उम्मेदवार के probation period जानते है।

UPSC Probation Period

जो भी उम्मेदवार UPSC की UPSC – CSE परीक्षा देकर IAS बनते हैं वह भी probation period में SDM/SDO/dy collector के पद पर 2 से 3 साल कार्य करते है बाद मे उनको सहायक कलेक्टर के पद मे पदोन्नत किया जाता है।

SDM Work (कार्य)

SDM/SDO/असिस्टेंट कलेक्टर/डिप्टी कलेक्टर का कार्य बहुत फैला हुआ है तो उनका कार्य निर्धारित नहीं रहता। उन्हे कई डिपार्टमेंट से इनकी नियुक्तियां हो सकती है।

SDM के मुख्य कार्य :

  • राज्यों मे लोकसभा और राज्यसभा के सदस्यों का चुनाव करवाना।
  • कई प्रकार के पंजीकरण करवाना।
  • विवाह रेजिस्ट्रैशन करवाना ।
  • लाइसेन्स जारी करवाना।
  • जिले की भूमि का लेखाकार करवाना ।

LBSNAA (लाल बहादुर शास्त्री नेशनल एडमिनिस्ट्रेटिव अकैडमी) या state administrative Academy से ट्रैनिंग लेने के बाद कुछ माह IAS/PCS अफसर जिला कलेक्टर के अधीन ट्रैनिंग लेते है, तब इन्हे Assistant Collector के नाम से जाना जाता है।

इन्हे GOI(Government of India) मे deputation पर असिस्टन्ट सेक्रेटरी के पद पर पदस्थापित होते है।

SDM एवं SDO के बिचकी कुछ भिन्नता

कई राज्यो मे SDM और SDO को एक ही पद अधिकारी संभालते है जैसा कि राजस्थान के अंदर आप देखोगे तो यहां पर सब डिविजनल मजिस्ट्रेट एसडीएम और एसडीओ का कार्य एक ही ऑफिसर एक ही डिप्टी कलेक्टर लेवल के ऑफिसर को दे दिया जाता है। लेकिन अन्य राज्य में ऐसा नहीं है वहां पर SDM और SDO अलग होता है।

Sub-Division(तहसील) में किसी भी डिप्टी कलेक्टर के पदाधिकारी को SDM/SDO के पावर दिए जाते है जैसा कि मैंने आपको पहले कहा कि डिप्टी कलेक्टर लेवल का ऑफिसर है या फिर जो नए IAS प्रोबेशन पीरियड के टाइम उन्हें या तो SDM बना दिया जाता है यह एसडीओ (सब डिविजनल ऑफिसर) बना दिया जाता है।

लेकिन कुछ स्टेट के अंदर अलग होता है एसडीएम और एसडीओ के पास मिलाकर एक ही ऑफिसर उसको power दे दिए जाते हैं और उन्हें ही हम SDO या SDM के नाम से जानते है।

SDO को राज्य के Land Revenue act व Land Revenue Code के तहत शक्तियां मिलती है, एवं तहसीलदार SDO के अधीन कार्य करते है।

SDM को CRPC की धाराओ section 44, 129, 130, 131, 132,133, 144,174 के तहत पावर मिलती है।

SDM Promotion (पदोन्नत)

IAS रैंक के अफसर शुरुआत उनके probation समय मे 2 से 3 साल तक SDM/SDO/dy collector के पद पर रहते और बाद मे वह पदोन्नत होके Add. Collector/ADM(Assistant District Magistrate)/ CDO(Chief Development Officer)/ ZP(Zilla Parishad) बन जाते है।

लेकिन जो उम्मेदवार स्टेट PSC परीक्षा पास करके आते है वह 8 से 13 साल बाद Add. CollectorADM/CDO/ZP बन जाते है।

SDM Salary (तनख्वाह)

SDM को मूल वेतन Rs.56100 मिलता है एवं महंगाई भत्ता Rs. 9500 मिलता है। कुल सैलरी Rs. 66000 के आसपास रहती है।

इसके अलावा इन्हे सरकारी बंगलों, सरकारी कार, ड्राइवर, इनकी सुरक्षा के लिए गन मेन भी मिलता है।

इस पोस्ट मे हमने SDM full form in hindi, SDM Full form in ENGLISH, SDM कैसे बने ?, SDM बनाने के लिए योग्यता, SDM बनाने के लिए जरूरी आयु सीमा , SDM की तनख्वाह आदि सिखा ।

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